09/02/2018
रूट कैनाल ट्रीटमेंट:-
दांत के संक्रमण के लिए रूट कैनाल सबसे सही इलाज है। दंत चिकित्सा विज्ञान का प्रयास होता है प्राकृतिक दांतों को जहां तक संभव हो सुरक्षित रखा जाए। पहले दांतों में कीड़ा लगने पर धातुओं से उन्हें भरा जाता था या फिर बहुत खराब हो जाने पर दांत को ही निकाल दिया जाता था। लेकिन अब कीड़ा लगे दांतों को बचाने में रूट कैनाल ट्रीटमेंट बहुत कारगर इलाज के रूप सामने आया है।
रूट कैनाल एक ऐसा इलाज है जसमें क्षतिग्रस्त या संक्रमित दांत को निकालने के जगह उसकी मरम्मत की जाती है। शब्द रूट कैनाल दांत की जड़ के अंदर की कैनाल्स (canals) की सफाई से आता है। दशकों पहले, रूट कैनाल उपचार अक्सर दर्दनाक होता था। लेकिन अब नई तकनीक और लोकल एनेस्थेटिक्स की मदद से लोगों को दर्द कम ही होता है।
पल्प में सूजन के कारण व इसके लक्षण :-
दांतों में कीड़ा लगना (डीप केविटी), चोट लगना, दांत की सतह का बहुत अधिक घिस जाने आदि के कारण पल्प में सूजन या संक्रमण होता है। इसके लक्षणों में दांतों में असहनीय दर्द, ठंडा या गर्म खाने पर दर्द होना, सोते समय दांत में दर्द होना, दांत के कारण कान या सर में दर्द तथा मसूड़ों में सूजन एवं मवाद निकलना आदि शामिल होते हैं।
इलाज:-
शुरुआती अवस्था में इलाज कराने पर एक अथवा दो सिटिंग में ही इलाज पूरा किया जा सकता है। अमूमन पहली सिटिंग में ट्रीटमेंट का समय 30 से 40 मिनट तक लग सकता है। लेकिन यदि किसी लापरवाह के चलते वहां संक्रमण हो जाए तो 4 से 5 सिटिंग और लग सकती हैं।
रूट केनाल उपचार के बाद दांत कितने समय तक टिकेगा:-
यदि दांतों का उचित ख्याल रखा जाए तो रूट कैनाल उपचार के बाद दांत जीवन भर साथ दे सकता है। लेकिन रूट केनाल उपचार के बाद भी आपके दांत में सड़न हो सकती है या छेद भी हो सकता है। तो यदि आप अपने दांत की उम्र बढ़ाना चाहते हैं तो उनकी उचित देखभाल और मौखिक स्वच्छता रखनी होगी। फ्लोराइड युक्त टूथ पेस्ट रोजाना दो बार ब्रश और फ्लोस अवश्य करें। साथ हीं साथ नियमित रूप से अपने दांतों का चेकअप एवं उसकी सफाई करवाएं।
इलाज के दौरान एवं बाद की सावधानियां:-
यदि रूट केनाल उपचार का सही लाभ लेना चाहते हैं तो सबसे जरूरी बात की उपचार अधूरा नहीं छोड़ें, चिकित्सक द्वारा दिए गए समय पर अवश्य जाएं (टलाएं नहीं), चिकित्सक की सलाह के अनुसार फिलिंग या कैप अवश्य लगवाएं और साफ साफाई का पूरा ध्यान रखें। यदि चिकित्सक द्वारा कोई एंटिबायोटिक दवा दी गई है तो बताए गये समय तक उसे लें।