05/06/2026
कुछ कार्य व्यक्ति मजबूरी मे करता है ।
70 साल से सरकारे ऐसा कार्य कर रही है कि सवर्ण राष्ट्रवाद और धर्म को छोड़कर अपने अस्तित्व के बारे मे सोचे, अगर आने वाले समय मे ऐसा हुआ तो भारत की राजनीत पूरी तरह बदल जाएगी।
अन्य पार्टियो की तरह सवर्ण भी मुस्लिम के साथ अपना गठबंधन बना सकते है।
इसका कारण यह है कि भारत की वर्तमान सरकारे सवर्णो को
हिन्दु समाज से अलग करके इनका शोषण कर रही है , और इनके अस्तित्व को खत्म करने पर तुली है।
और शायद इसकी शुरुआत सवर्णो की अपनी पार्टी बनने के साथ हो गयी है। आने वाला समय या तो सवर्णो का होगा या मुसलमानो का ।
क्यो कि भारत मे इस समय तीन विचारधारा वाली पार्टिया है-
दलित
OBC
मुस्लिम और चौथी पार्टी सवर्ण की बनने की तरफ अग्रसर है।