22/07/2026
संवैधानिक तरीके से विरोध प्रदर्शन कर रहे छात्रों के फूटे हुए सिर,लहू लुहान युवा, कपड़े फटी हुई मातृ शक्ति ...इसका कोई भी कारण ऐसा नहीं हो सकता जिसे तर्क द्वारा उचित साबित किया जा सके....या हो सकता है???नहीं हो सकता ...जिन हाथों के पास सुरक्षा व संरक्षण का दायित्व है वही हाथ विध्वंशक की भूमिका में दिख रहे हैं ...क्यों???
देश आपके हाथों में है ... माना आपने वैश्विक स्तर पर देश की छवि बदली है परंतु स्वदेश में ये क्या हो रहा है इसकी जिम्मेदारी किसकी ??? जो छात्र आत्महत्या कर गये उनकी जिंदगियों की जिम्मेदारी किसकी ??
अगर ये आंदोलन राजनैतिक है तो क्या इतनी बड़ी तादाद में देश का छात्र व युवा इतना मूर्ख है कि राजनैतिक पार्टी के एक आह्वाहन पर अपने सिर फुड़वाने आजायेगा... शायद नहीं ...ये "आग "आपकी अव्यवस्था का परिणाम है . और स्वाभाविक है कि इस आग में बहुत लोग अपने हाथ सेंकने की साजिश भी करेंगे ...पर ये सब आपकी चुप्पी के कारण है ..
अपनी शिक्षा व्यवस्था और अन्य हर व्यवस्था सुधारिए ...आपके "मन की बात " के साथ साथ " देश की आम जनता के मन की बात " को भी आपको उतना ही महत्व देना होगा ...
चुप्पी छोड़िए और जिम्मेदारी लीजिए तरीके से ...समाधान कीजिए देश की हर समस्या का और बात कीजिए अपने देश के युवा से कि मैं हूँ आपके लिए ..या फिर आप नहीं हैं शायद ...??
#पीएम fans