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जानें, क्या है लक्ष्मी माता के वाहन उल्लू का ज्योतिष में महत्वउल्लू को लक्ष्मी का वाहक माना जाता है, लेकिन फिर भी इसे कह...
27/07/2020

जानें, क्या है लक्ष्मी माता के वाहन उल्लू का ज्योतिष में महत्व
उल्लू को लक्ष्मी का वाहक माना जाता है, लेकिन फिर भी इसे कहीं शुभ तो कहीं अशुभ माना जाता है. उल्लू को लेकर कई तरह की मान्यताएं हमारे समाज और धर्म में प्रचलित हैं.

उल्लू को लक्ष्मी का वाहक माना जाता है, लेकिन फिर भी इसे कहीं शुभ तो कहीं अशुभ माना जाता है. उल्लू को लेकर कई तरह की मान्यताएं हमारे समाज और धर्म में प्रचलित हैं. जानिए ऐसी ही 5 मान्यताएं, जिस पर आज भी विश्वास किया जाता है -

1. हालांकि ये इतना आम या आसान नहीं है, लेकिन कहा जाता है कि आपकी नजर उल्लू से मिल जाती है, जो समझ लीजिए कि आपको बेहिसाब दौलत मिलने वाली है.

2. रोग को लेकर भी उल्लू की यह मान्यता है कि अगर उल्लू किसी रोगी को छूते हुए निकल जाए या उसके उपर से उड़ता हुआ चला जाए तो गंभीर रोग भी ठीक हो सकता है.

3. उल्लू का दाहिनी तरफ देखना या बोलना हमेशा अशुभ होता है, इसलिए जब भी उल्लू की आवाज सुनाई देती है तो इसे अपशगुन माना जाता है. लेकिन उल्लू का बांई ओर देखना शुभ रहता है.

4. अगर उल्लू किसी घर की छत पर आकर बैठता है या छत पर बैठकर आवाज करता है, तो यह घर के किसी सदस्य की मौत हो जाने की ओर इशारा करता है.

5. अगर सुबह के वक्त पूर्व की दिशा की ओर उल्लू दिखाई दे या फिर उसकी आवाज सुनाई दे तो यह माना जाता है कि अचानक धन की प्राप्ति हो सकती है

जिस व्यक्ति के घर में आए दिन झगड़े होते रहते हैं और कलह कायम रहती है, उसकी कुंडली में चतुर्थ भाव का दोष पाया जाता है। सा...
26/07/2020

जिस व्यक्ति के घर में आए दिन झगड़े होते रहते हैं और कलह कायम रहती है, उसकी कुंडली में चतुर्थ भाव का दोष पाया जाता है। साथ ही साथ लग्न इन हालात के ऊपर अधिकार पाने में असक्षम होता है। किन्ही-किन्ही जातकों के निर्बल चन्द्रमा के कारण भी घर में कलह का वातावरण बना रहता है। ज्योतिष विधा में कुछ ऐसे उपाय बताए गए हैं, जिन्हें करने से इस समस्या से छुटकारा मिलता है और घर में शांति का वास होता है। यदि आप भी अपने घर में होने वाले क्लेश से परेशान हैं, तो करें निम्न उपाय, जो आपके घर में शांति कायम करने में मददगार साबित होंगे —

1- रात्रि को सोने से पहले किसी पीतल के बर्तन में कपूर लेकर उसे गाय के शुद्ध घी में डुबोकर जला दें। इस उपाय से घर के क्लेश का नाश होता है तथा घर में शांति आती है।
२- यदि पति-पत्नी में क्लेश रहता है, तो पत्नी रात को सोते समय बिना टोके कुछ कपूर पति के तकिये की नीचे रख दे और सुबह बिना टोके उसे जला दे। इसके पश्चात् राख को बहते हुए पानी में प्रवाहित कर दे। इस उपाय से आपस में शांति बनी रहेगी तथा प्रेम बढ़ेगा।
3- घर की कलह को दूर करने के लिए गृह स्वामी को पीपल के वृक्ष की सेवा करनी चाहिए। साथ ही पीपल के पौधे को रोपना और एक बड़े पेड़ में तब्दील होने तक उसकी निरंतर देखभाल करना चाहिए।

4- घर के अंदर सप्ताह में किसी एक दिन कपूर जलाकर उसका धुंआ घर में देने से गृह क्लेश नहीं होता तथा घर में शांति का वास रहता है।

5- रविवार के दिन उपले पर कपूर और गुड़ रखकर उस पर थोड़ा घी डाल कर जलाएं। इस उपाय से आपके घर की नकारात्मक ऊर्जाएं दूर होंगी।

6- मंगलवार के दिन हनुमान जी के समक्ष पंचमुखी दीप प्रज्ज्वलित करें और अष्टगंध जलाकर उसकी सुगंध पूरे घर में फैलाएं। घर में सकारात्मक ऊर्जा का निवास होगा।

7- घर के सभी छोटे बड़ों की समान रूप से इज्जत करनी चाहिए और उनके द्वारा कही बातों की अनदेखी नहीं करनी चाहिए।

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*धन की वर्षा के अचूक उपाय* 1. श्री आदि लक्ष्मी – ये जीवन के प्रारंभ और आयु को संबोधित करती है तथा इनका मूल मंत्र है – ॐ ...
24/07/2020

*धन की वर्षा के अचूक उपाय*

1. श्री आदि लक्ष्मी – ये जीवन के प्रारंभ और आयु को संबोधित करती है तथा इनका मूल मंत्र है – ॐ श्रीं।।

2. श्री धान्य लक्ष्मी – ये जीवन में धन और धान्य को संबोधित करती है तथा इनका मूल मंत्र है – ॐ श्रीं क्लीं।।

3. श्री धैर्य लक्ष्मी – ये जीवन में आत्मबल और धैर्य को संबोधित करती है तथा इनका मूल मंत्र है – ॐ श्रीं ह्रीं क्लीं।।

4. श्री गज लक्ष्मी – ये जीवन में स्वास्थ और बल को संबोधित करती है तथा इनका मूल मंत्र है – ॐ श्रीं ह्रीं क्लीं।।

5. श्री संतान लक्ष्मी – ये जीवन में परिवार और संतान को संबोधित करती है तथा इनका मूल मंत्र है – ॐ ह्रीं श्रीं क्लीं।।

6. श्री विजय लक्ष्मी यां वीर लक्ष्मी – ये जीवन में जीत और वर्चस्व को संबोधित करती है तथा इनका मूल मंत्र है – ॐ क्लीं ॐ।।

7. श्री विद्या लक्ष्मी – ये जीवन में बुद्धि और ज्ञान को संबोधित करती है तथा इनका मूल मंत्र है – ॐ ऐं ॐ।।

8. श्री ऐश्वर्य लक्ष्मी – ये जीवन में प्रणय और भोग को संबोधित करती है तथा इनका मूल मंत्र है – ॐ श्रीं श्रीं।।

गुरुवार को भगवान बृहस्पति और विष्णु भगवान की पूजा की जाती है और इस दिन इन देवताओं को कुछ चीजें जरूर अर्पित करनी चाहिए जि...
23/07/2020

गुरुवार को भगवान बृहस्पति और विष्णु भगवान की पूजा की जाती है और इस दिन इन देवताओं को कुछ चीजें जरूर अर्पित करनी चाहिए जिससे आपके संकट दूर हो सकते हैं। तो आइए जानें की अगर आर्थिक संकट हो तो वह कौन से उपाय हैं जो काम आ सकते हैं।

गुरुवार के दिन करें ये काम

गुरुवार के दिन स्नान-ध्यान के बाद आपको पीले वस्त्र पहनने चाहिए। इसके साथ ही भगवान को पीले फूल, चंदन और भोग लगाना चाहिए। गुरुवार को पीली ही चीजों को खाना भी चाहिए और दान भी करना चाहिए।

1. नहाने के पानी में हर गुरुवार चुटकी भर हल्दी डाल दें। इस पानी से नहाने के बाद आप आप केले की जड़ में जल दें और उस जल में भी चुटकी भर हल्दी और पीला फूल शामिल करें। इससे आपकी आर्थिक समस्या दूर होने लगेगी।

2. गुरुवार को आप व्रत का संकल्प लें और कम से कम 12 गुरुवार व्रत करें। व्रत के दौरान केले का दान करें लेकिन आप खुद केला न खाएं। इससे आपके धन का संकट भी दूर होगा और घर में खुशियों का वास होगा।

3. गुरुवार को बृहस्पति देव की पूजा के बाद केले में जल देना चाहिए उसके बाद तुलसी में दूध कच्चा दूध चढ़ाएं। कोशिश करें ये उपाय गुरु-पुष्य नक्षत्र में शुरू करें।

4. बृहस्पति को मजबूत करने के लिए हर दिन शिवजी को भी पीले कनेर का फूल अर्पित करना चाहिए। इससे धन, सुख-संपदा सब कुछ मिलता है।

5. गुरुवार के दिन बृहस्पति कथा पढ़ें और पढ़ने से पहले किताब को फूल और अगरबत्ती जरूर दिखाएं। इसके बाद ऊं बृं बृहस्पतये नम:। मंत्र का करीब 11 या 21 बार जाप करें।

शारीरिक दोष, वास्तु दोष और कर्म दोष से दुर्भाग्य निर्मित होता है। शरीर के सभी छिद्रों को अच्छे से जल से धोएं। शौचालय और ...
22/07/2020

शारीरिक दोष, वास्तु दोष और कर्म दोष से दुर्भाग्य निर्मित होता है। शरीर के सभी छिद्रों को अच्छे से जल से धोएं। शौचालय और स्नानघर का वास्तु सुधारें। ऐसा कोई कर्म न करें जिससे आप को पछताना पड़े। पूजा स्थान पर बांस से बनी हुई अगरबत्तियां न जलाएं। बांस के जलने से दुर्भाग्य पैदा होता है। ऐसी अगरबत्ति का इस्तेमाल करें जिसमें लकड़ी की तिलियां लगी हो। या केवल धूप बत्ति जलाएं।

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