17/10/2023
"बस एक सुई पीठ में लगेगी"...फिर आपको कुछ पता नहीं चलेगा..
" इस मास्क में गहरी गहरी सांसे लीजिए...और फिर आपको कुछ भी नही पता लगने वाला"... ये कहकर मरीज को सांत्वना देते हुए बेहोश करने वाले..
या फिर कीटामीन सेडेशन देकर दूसरी दुनिया में पहुंचा देने वाले...फिर वापस इसी दुनिया में ले आना...
ये वो लोग हैं जिनके बिना एक सर्जन अधूरा होता है,इनके बिना सर्जन एक चीरा भी नही लगा सकता.. हम बात कर रहे हैं anaesthetist यानी बेहोशी के डॉक्टर की; किसी भी ऑपरेशन में इनका उतना ही योगदान होता है जितना एक सर्जन का, हालांकि लोग इनके बारे में बहुत कम जानते हैं और जानने की कोशिश भी नहीं करते, क्योंकि ये पर्दे के पीछे रहते हैं,परंतु इनका काम बहुत महत्वपूर्ण होता है; Anaesthetists क्वालिफाइड डॉक्टर यानी MBBS,MD या MBBS,DA होते हैं..ऑपरेशन के दौरान मरीज के शरीर और vitals में क्या क्या उतार चढ़ाव आते हैं सब कुछ यही सम्हालते हैं..ये समझिए OT ke अंदर मरीज और सर्जन दोनो की जान इन्ही के हाथ में होती है।
ऑपरेशन के दौरान विपरीत कंडीशन में सर्जन को हौसला एक अच्छे एनास्थेटिस्ट से ही मिलता है... इनका एक बार कहना की "डॉक्टर साब इधर सब ठीक है आप स्टार्ट करो ! "...ये वाक्य एक सर्जन को हौसला देते हैं कि कितना भी खराब केस हो हम कर लेंगे और मरीज अच्छा होके निकलेगा....
आज ही के दिन 1846 में अमेरिकन डेंटिस्ट W.T.G.Morton ने Ether का प्रयोग करके,बेहोशी में ऑपरेशन का demonstration किया था ।
आज world Anaesthesia Day पर मैं सभी एनेस्थेटिस्ट को नमन करता हूं,जो सर्जन के आधे हाथ बनकर कहीं न कहीं मरीजों की जान बचाने में लगे हुए हैं !
Happy Anaesthesia Day to all Anaesthetists of the world... 🎉🎉
from the wall of Dr Kumar Ashok Varma